Paris Olympics 2024: पेरिस ओलंपिक कुश्ती फाइनल (Paris Olympics 2024) से अयोग्य घोषित हुईं विनेश फोगाट(Vinesh Phogat) भारत लौट आई हैं. वह करीब सुबह 11 बजे दिल्ली एयरपोर्ट पहुंचीं. इसी दौरान उन्होंने अपनी साथी पहलवान साक्षी मलिक को गले लगा लिया और भावुक हो गई. उनके स्वागत के लिए आए लोग ढोल की थाप पर नाचने लगे.
दिल्ली एयरपोर्ट (Delhi Airport) से विनेश के पैतृक गांव बलाली (चरखी दादरी जिला) तक करीब 125 किलोमीटर के रास्ते में उनका स्वागत किया गया. कार्यक्रम गांव के खेल स्टेडियम में आयोजित किया गया है. हालांकि, एक दिन पहले चुनाव आचार संहिता लागू होने के कारण राज्य सरकार इन कार्यक्रमों में हिस्सा नहीं ले रही है.
मुख्यमंत्री नायब सैनी ने कुछ दिन पहले विनेश को 4 करोड़ रुपये और सरकारी नौकरी देने की घोषणा की थी. वहीं, बलाली गांव के पूर्व सरपंच राजेश सांगवान ने कहा कि विनेश को स्वर्ण विजेता की तरह सम्मानित किया जाएगा. कार्यक्रम में आने वाले सभी लोगों के लिए देसी घी का खाना बनाया जा रहा है. एथलीटों, कोचों और अन्य लोगों को पहलवानों वाली डाइट दी जाएगी.
विनेश के भाई हरविंदर फोगाट ने बताया कि विनेश के कार्यक्रम का पूरा रूट मैप तैयार कर लिया गया है. भले ही विनेश मेडल से वंचित रह गईं. पूरे देश की आवाज और आशीर्वाद उनके साथ है. इस बीच पहलवान साक्षी मलिक ने कहा, ‘विनेश ने देश के लिए जो किया है, वह बहुत कम लोग कर सकते हैं। उन्हें और अधिक सम्मान और सराहना मिलनी चाहिए.’
उन्होंने मेडल के लिए खूब मेहनत की. इसके साथ ही बजरंग पुनिया ने कहा- देशवासी उन्हें बहुत प्यार दे रहे हैं. आप देख सकते हैं कि देश ने उनका किस तरह स्वागत किया है. विनेश पेरिस में पदक जीतने से चूक गईं. फाइनल से पहले उनका वजन 100 ग्राम अधिक था, जिसके बाद उन्हें अयोग्य घोषित कर दिया गया.
इसके बाद विनेश ने खेल न्यायाधिकरण से उन्हें संयुक्त रजत पदक देने की अपील भी की लेकिन खेल न्यायाधिकरण ने उनकी अपील खारिज कर दी. पदक न जीत पाने से दुखी होकर विनेश ने कुश्ती से संन्यास की घोषणा कर दी. यह उनका तीसरा ओलंपिक था.



