Srilanka News: भारतीय नौसेना का बड़ा ऑपरेशन, अरब सागर से 500 किलो ड्रग्स बरामद

Indian Navy big operation Srilanka News: भारतीय नौसेना ने श्रीलंकाई नौसेना के साथ संयुक्त अभियान में अरब सागर से 500 किलोग्राम नशीला पदार्थ जब्त किए…

Indian Navy big operation Srilanka News: भारतीय नौसेना ने श्रीलंकाई नौसेना के साथ संयुक्त अभियान में अरब सागर से 500 किलोग्राम नशीला पदार्थ जब्त किए है. जब्त की गई दोनों नावें, उस पर सवार व्यक्ति और ड्रग्स को श्रीलंका सरकार को सौंप दिया गया है, जहां उनके खिलाफ उचित कानूनी कार्रवाई की जाएगी. जब्त की गई दवाएं क्रिस्टल मेथ थीं, जिन्हें दो नावों से जब्त किया गया था. गौरतलब है कि पिछले कुछ दिनों में देश में अलग-अलग जगहों पर बड़े पैमाने पर ड्रग्स जब्त किए गए हैं.

हाल ही में, भारतीय तटरक्षक बल ने अंडमान और निकोबार जल में 5,500 किलोग्राम मेथमफेटामाइन दवा जब्त की. एक तटरक्षक पायलट ने नियमित निगरानी के दौरान अंडमान और निकोबार में बैरोन द्वीप के पास एक संदिग्ध नाव देखी. चेतावनी के बाद भी जब चालक दल ने नाव को पलटने की कोशिश की तो तटरक्षक बल हरकत में आया और नाव को जब्त कर लिया.(Indian Navy joint operation with Srilanka Navy) 

भारत में क्यो हो रही है दवाओं की तस्करी ?
मादक पदार्थों की तस्करी न केवल राष्ट्रीय सुरक्षा, बल्कि सार्वजनिक स्वास्थ्य सुरक्षा, राजनीतिक स्थिरता और आर्थिक विकास को भी गंभीर रूप से प्रभावित करती है. रिपोर्टस के मुताबिक, दुनिया भर में नशीली दवाओं की तस्करी का मौजूदा बाजार 650 अरब डॉलर का है, जो पूरी दुनिया की अवैध अर्थव्यवस्था का 30 फीसदी है. भारत का दुर्भाग्य यह है कि देश मादक पदार्थों की तस्करी के (स्वर्णिम त्रिकोण) जाल में फंस गया है. अफ़ग़ानिस्तान के बाद, म्यांमार अफ़ीम का सबसे बड़ा उत्पादक और हेरोइन का सबसे बड़ा आपूर्तिकर्ता है. इसके चलते म्यांमार से भारत के उत्तर-पूर्वी राज्यों में बड़े पैमाने पर मादक पदार्थों की तस्करी होती है.

इसके अलावा अफगानिस्तान, पाकिस्तान और ईरान भी मादक पदार्थों की तस्करी के लिए कुख्यात हैं. इन तीनों देशों के अपराधी भारत में ड्रग्स बेचते हैं और भारतीय समुद्री इलाकों से पश्चिम और दुनिया के अन्य देशों में बड़े पैमाने पर ड्रग्स की तस्करी की जाती है. यही कारण है कि भारत में अक्सर बड़े पैमाने पर नशीले पदार्थों के निर्यात के मामले सामने आते रहते हैं.

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