मोहाली 10 जुलाई
आस्था, श्रद्धा और आध्यात्मिक ऊर्जा के माहौल में सीजीसी यूनिवर्सिटी, मोहाली ने नए अकादमिक सेशन की शुरुआत आयोजित किए गए श्री अखंड पाठ साहिब के साथ की। इस पावन अवसर पर विश्वविद्यालय परिवार ने वाहेगुरु जी से प्रार्थना की कि आने वाला वर्ष सभी के लिए ज्ञान, सफलता, सकारात्मक सोच और नई उपलब्धियों से भरपूर हो। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के प्रबंधन, फैकल्टी, स्टाफ, विद्यार्थियों और विशिष्ट अतिथियों ने श्रद्धापूर्वक अपनी उपस्थिति दर्ज करवाई। पूरे परिसर में भक्ति, शांति और सकारात्मक ऊर्जा का वातावरण देखने को मिला।
इस अवसर पर सीजीसी यूनिवर्सिटी, मोहाली के फादर ऑफ एजुकेशन एवं माननीय संस्थापक कुलाधिपति रशपाल सिंह धालीवाल ने कहा, “हर नई शुरुआत विश्वास और ईश्वर के प्रति कृतज्ञता से होती है। नए अकादमिक सेशन में हम वाहेगुरु जी से प्रार्थना करते हैं कि वे हमें सही मार्ग पर चलने की प्रेरणा दें और ज्ञान, ईमानदारी तथा मानवता के मूल्यों के साथ आगे बढ़ने का आशीर्वाद प्रदान करें। हमारा मानना है कि शिक्षा केवल किताबों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह अच्छे संस्कार, जिम्मेदारी और समाज के प्रति सेवा की भावना भी सिखाती है।”
अपने विचार साझा करते हुए सीजीसी यूनिवर्सिटी, मोहाली के मैनेजिंग डायरेक्टर अर्श धालीवाल ने कहा, “हर नया अकादमिक वर्ष अपने साथ नई उम्मीदें, नए लक्ष्य और बेहतर भविष्य के अवसर लेकर आता है। श्री अखंड पाठ साहिब के साथ इसकी शुरुआत करना हमारी उस सोच को दर्शाता है, जिसमें आध्यात्मिक मूल्यों और शिक्षा को एक-दूसरे का पूरक माना जाता है। हम कामना करते हैं कि हमारे विद्यार्थी सीखने की जिज्ञासा बनाए रखें, विनम्रता के साथ नेतृत्व करें और ऐसे जिम्मेदार नागरिक बनें जो समाज और देश के विकास में सार्थक योगदान दें।”
समारोह का समापन गुरु के लंगर के साथ हुआ, जिसने सेवा, समानता और भाईचारे की सिख परंपरा को जीवंत किया। इस पावन आयोजन के साथ सीजीसी यूनिवर्सिटी, मोहाली ने नए अकादमिक सेशन की शुरुआत सकारात्मक ऊर्जा और आध्यात्मिक प्रेरणा के साथ की। विश्वविद्यालय ने एक बार फिर यह संदेश दिया कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा तभी सार्थक बनती है, जब उसके साथ नैतिक मूल्य, मानवीय संवेदनाएँ और समाज के प्रति जिम्मेदारी भी जुड़ी हो।



