चंडीगढ़: साध्वी यौन शोषण मामला में आरोपी डेरा सच्चा सौदा के प्रमुख गुरमीत राम रहीम को शुक्रवार को पंचकूला की विशेष सीबीआई अदालत ने दोषी करार दे दिया। फैसले की सूचना मिलते ही डेरा समर्थकों ने जमकर उत्पात मचाना शुरू कर दिया। हालात बेकाबू होता देख सेना ने फ्लैग मार्च किए, वहीं भीड़ को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले भी छोड़े गए।
आखिरकार सालों बाद साध्वी यौन शोषण मामले की सुनवाई हुई। जिसमें आरोपी डेरा सच्चा सौदा के प्रमुख गुरमीत राम रहीम को शुक्रवार को पंचकूला की विशेष सीबीआई अदालत ने दोषी करार दे दिया। सजा पर ऐलान 28 अगस्त को की जाएगी। दोषी करार देने के बाद गुरमीत राम रहीम को जेल भेज दिया गया। वहीं इस फैसले के आने के बाद पूरे पंजाब में स्थिति तनावपूर्ण हो गए। डेरा समर्थकों ने मलोट, मनसा, लहरागागा में आगजनी की गई। हालात बेकाबू होता देख सेना ने पंचकूला में फ्लैग मार्च किया, जबकि फिरोजपुर, मानसा और बठिंडा में कर्फ्यू लगा दिया गया।
दरअसल जिस संख्या में सुनवाई के पूर्व बड़ी संख्या में डेरा समर्थक पंचकूला पहुंचे थे, उससे साफ था कि फैसला आने के बाद अनहोनी हो सकती है। बावजूद राज्य सरकारों और पुलिस ने पहले तैयारी नहीं की। जिसका नतीजा यह हुआ कि फैसला आने के कुछ मिनटों में समूचा पंजाब रणक्षेत्र में तब्दील हो गया। जगह-जगह से हिंसा की खबरें आने लगी।
हालांकि पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह फैसला होने के पूर्व पंचकूला आकर सुरक्षा का जायजा लिया। वहीं फैसला आने के ठीक कुछ मिनटों बाद फेसबुक से डेरा समर्थकों से अपील किया कि शांति बनाए रखें। लेकिन बाबा समर्थकों ने आदेश के फैसले पर ऐतराज जताते हुए सड़कों पर दबंगई शुरू कर दी। गाड़ियों में तोड़फोड़ के साथ आग लगा दिया। मामला इतना गंभीर हो गया है कि जगह जगह बाबा के समर्थकों ने आतंक मचा दिया है ! दंगे में मीडिया को भी निशाना बनाया गया जिसमे कई गाड़ियां जलाई गयी ! साथ ही आम लोगों का भी बचना मुश्किल है ! जो भी बीच में आ रहा है उनको निशाना बनाया जा रहा है खबर के अनुसार अभी तक 10 लोगों कि मौत और 70 से ज्यादा घायल बताये जा रहे है !
जिस तरह से पंजाब के हालात बने हुए हैं उससे साफ है कि राज्य सरकार अंदाजा लगाने से चूक गई। जिसका नतीजा पूरे पंजाब में उपद्रव का नजारा देखने को मिल रहा है। अब 28 अगस्त को गुरमीत राम रहीम पर सजा का ऐलान होगा, तब तक हालात कितने खराब होंगे इसका अंदाजा शायद राज्य सरकार को नहीं होगा।
