Vinesh Phogat Comeback:
भारत की दिग्गज महिला पहलवान विनेश फोगाट ने शुक्रवार को संन्यास से वापसी का एलान किया है. उनका मानना है कि उनके अंदर आग कभी खत्म नहीं हुई थी और बीते एक साल में उन्हें सच्चाई का पता चला कि कुश्ती उनका पहला प्यार है. 31 वर्षीय विनेश ने 2028 में होने वाले लॉस लॉस एंजिल्स ओलंपिक में खेलने की घोषणा की है. सोशल मीडिया पर पोस्ट लिखकर उन्होंने यह जानकारी दी.
100 ग्राम ज्यादा वजन के कारण हुई थी बाहर-
तीन बार की ओलंपियन रह चुकीं विनेश फोगाट ने एशियाई और राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण पदक जीते हैं. 2024 पेरिस ओलंपिक में फाइनल से ठीक एक रात पहले विनेश फोगाट को ओवरवेट पाए जाने पर डिस्क्वालीफाई कर दिया गया था. 50 किलोग्राम वर्ग के स्वर्ण पदक मुकाबले से पहले 100 ग्राम ज्यादा वजन होने के कारण वह अयोग्य घोषित हो गई थी. विनेश ने इसे अपने खिलाफ बड़ी साजिश बताया था. गुस्से में आकर उन्होंने कुश्ती से संन्यास का ऐलान कर दिया था.
इंस्टाग्राम पोस्ट में उन्होंने लिखा:

लोग मुझसे पूछते रहे कि क्या पेरिस मेरे करियर का अंत है. लंबे समय तक मेरे पास इसका जवाब नहीं था. मुझे मैट से, दबाव से, उम्मीदों से, यहां तक कि अपनी महत्वाकांक्षाओं से भी दूर हटने की जरूरत थी. सालों में पहली बार मैंने खुद को चैन की सांस लेने दी. मैंने अपने सफर के महत्व को समझने के लिए समय लिया. ऊंचाइयां, दिल टूटना, बलिदान, और मेरा वो रूप जिसे दुनिया ने कभी नहीं देखा और उस आत्मचिंतन में मुझे सच्चाई मिली मुझे अब भी इस खेल से प्यार है. मैं अब भी प्रतिस्पर्धा करना चाहती हूं. उस खामोशी में मुझे वो बात याद आई, जिसे मैं भूल चुकी थी जुनून की आग कभी बुझी ही नहीं’. यह सिर्फ थकान और शोर के नीचे दब गई थी. अनुशासन, दिनचर्या, संघर्ष…ये सब मेरे अंदर बसे हैं. चाहे मैं कितनी भी दूर चली गई, मेरा एक हिस्सा मैट पर ही रह गया. तो अब मैं LA28 की ओर निडर दिल और कभी न झुकने वाली भावना के साथ कदम बढ़ा रही हूं.’
विरोध प्रदर्शनों और विधायकी भी चर्चा के कारण में-
विनेश फोगाट ने कुश्ती से संन्यास लेने के बाद पिछले साल हरियाणा विधानसभा चुनाव लड़ा था और जुलाना सीट से 6,000 वोटों के अंतर से जीत हासिल की थी. पेरिस से लौटने के बाद से ही हुड्डा परिवार से उनकी नजदीकियां चर्चा का विषय थी. विनेश जरूर जीत गई. विनेश फोगाट ओलंपिक शुरू होने के एक साल पहले से भारतीय कुश्ती महासंघ के पूर्व प्रमुख बृज भूषण शरण सिंह के खिलाफ जारी विरोध प्रदर्शनों का चेहरा भी रही. बृज भूषण शरण सिंह पर यौन उत्पीड़न का आरोप था.



