न्यूज डेस्क/लिविंग इंडिया : कुछ दिनों पहले ही अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद ने देश के 14 फर्जी बाबाओं की सूची जारी की थी। शनिवार को फर्जी मुस्लिम धर्मगुरूओं की बारी आई। दरअसल ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड ने इसकी कवायद तेज कर दी है। हुआ यह कि 28 अगस्त को हरियाणा के डेरा सच्चा सौदा के प्रमुख गुरमीत राम रहीम को बलात्कार के आरोप में 20 साल की सजा हुई तो अखाड़ा परिषद सक्रिय हो गया और राम रहीम के साथ ही 14 बाबाओं को फर्जी घोषित कर दिया।
अब मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड ने इसका जिम्मा उठाया है। हालांकि इसमें अभी वक्त लगेगा क्योंकि अभी इसे लागू नहीं किया गया है। हां, इतना पक्का है कि मुस्लिम धर्म की सही जानकारी नहीं रखने वालों को किसी भी मीडिया में बयान देने से रोका जाएगा। बोर्ड की मानें तो अक्सर इन छद्म धर्मगुरूओं के कारण मुस्लिम धर्म पर सवालिया निशान लगता रहता है। कुछ दिनों बाद बोर्ड की होने वाली बैठक में इस मुद्दे पर चर्चा होगी और संभव है फर्जी धर्मगुरूओं की सूची सार्वजनिक कर दी जाएगी।

