Chandigarh : कहते हैं भक्ति में बड़ी शक्ति होती है, यहां तक कि कभी-कभी भक्त अपने भगवान को खुश करने के लिए किसी भी हद तक चले जाते हैं। लेकिन क्या कोई भक्त भक्ति के नाम पर अपराध भी कर सकता है। आप चौंक गए ना!!! तो चलिए आपको बताते हैं कि आखिर ये भक्त और भक्ति का माजरा क्या है। पिछले तीन दिनों के दौरान चंडीगढ़ के साउथ डिवीजन में छिनतई की पांच वारदातें होती है और मामला पुलिस तक पहुंचता है। इसके बाद पुलिस अलर्ट मोड पर आ जाती है। क्राइम ब्रांच की एंटी स्नैचिंग रॉबरी सेल को वारदात को अंजाम देने वाले आरोपी को गिरफ्तार करने का जिम्मा दिया जाता है। जिसके बाद टीम जांच शुरू करती है। और जांच के दौरान पुलिस को अपराधी के बार में इनपुट मिल जाता है। पुलिस की गिरफ्त में आए इस शख्स को देखकर आप अंदाजा भी नहीं लगा सकते कि पिछले तीन दिनों में इसने स्नैचिंग की पांच वारदातों को अंजाम दिया था। पुलिस इसे पकड़ने के लिए जितना परेशान थी, उससे ज्यादा उसकी गिरफ्तारी के बाद उसके खुलासे ने पुलिस के होश उड़ा दिए हैं।
अब आपको हम बताते हैं कि आखिर पुलिस के होश क्यों उड़ गए। हुआ ये कि आरोपी की गिरफ्तारी के बाद जब पुलिस ने उससे पूछताछ की तो उसने स्नैचिंग की वारदात को अंजाम देना तो कबूल लिया। साथ ही यह भी बताया कि वह कांवड़ लेकर हरिद्वार जाना चाह रहा था और उसके पास पैसे नहीं थे। इसलिए उसने स्नैचिंग की वारदात को अंजाम दिया। एसपी ऑपरेशन रवि कुमार ने बताया कि स्नैचिंग के पांचों घटनाओं को अजय ने अंजाम दिया था। आरोपी से 29 हजार रूपये और लूटे गए मोबाइल भी बरामद कर लिया गया है। हालांकि पुलिस मामले की गहराई से जांच कर रही है ताकि सच्चाई सामने आ सके। भले ही पुलिस ने स्नैचिंग की वारदातों का खुलासा करके आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। लेकिन जिस तरह से आरोपी के बयान सामने आए हैं, उसपर एक नजर में भरोसा करना आसान नहीं है। हालांकि पुलिस जांच में सबकुछ साफ हो ही जाएगा। बस पुलिस सभी वारदातों का ऐसे ही खुलासा करने लगे तो निश्चित ही अपराधों में कमी आने लगेगी।

