एक तरफ सरकार लोगों से अपने बच्चों को सरकारी स्कूलों में पढ़ाने के लिए कहती है और दूसरी तरफ सरकारी स्कूलों की ये दशा। क्या यही है, आने वाला भविष्य, जिसका निर्माण सरकारी स्कूलों में किया जा रहा है। परिजन इसे सरकार और प्रशासन की कमी बता रहे है। उनका कहना है कि गरीब अपने बच्चों को कहां पढ़ायें।
फरीदाबाद: बेहतर शिक्षा का दावा करने वाली सरकार की खुली पोल
एक तरफ सरकार लोगों से अपने बच्चों को सरकारी स्कूलों में पढ़ाने के लिए कहती है और दूसरी तरफ सरकारी स्कूलों की ये दशा। क्या…
