Chandigarh : हरियाणा के यमुनानगर में बेखोफ है खनन माफिया। हालात ये है कि अगर कोई इनके रास्ते में आता है तो उसकी हत्या कर दी जाती है। बुधवार की रात बुडिया इलाके के बीबीपुर स्थित यमुना घाट पर रेत का अवैध खनन कर रहे तारीफ नामक युवक को रोकने की कीमत शाहरूख को अपनी जान देकर चुकानी पड़ी। तारीफ ने शाहरूख को ट्रैक्टर से कुचलकर मौत के घाट उतार दिया और फरार हो गया। घटना से परिजन जहां बदहवास हो गए हैं, वहीं इलाके के लोग पुलिस को शाहरूख की मौत का जिम्मेदार बता रहे हैं। परिजनों ने बताया कि शाहरूख को प्लस टू में दाखिला लेना था। बीबीपुर घाट का ऑक्शन नहीं हुआ है, जिस कारण यहां खनन माफिया अवैध माइनिंग करते हैं। उनके खिलाफ कई बार शिकायत की गई, लेकिन पुलिस ने किसी तरह की कार्रवाई नहीं की। हैरानी की बात यह है कि परिजनों का कहना है कि जिस आदमी ने शाहरूख को ट्रैक्टर से कुचलकर मारा है वो पहले से धमकियां दे रहा था।
परिजनों के शब्दों से साफ जाहिर है कि आखिर खनन माफिया कितने बेखौफ हैं। उनका आरोप है कि अगर प्रशासन का थोड़ा भी डर उन्हें होता तो आज शाहरूख जिंदा होता। सब विभागों के पास हमारी शिकायतें पेंडिंग है। कभी कोई फोन नहीं उठाता है और अगर रिसीव भी करता है तो कारवाई नहीं होती। अब अपने खेतों में हो रही अवैध माइनिंग कोई रोकेगा तो मरेगा। इसमें माइनिंग डिपार्टमेंट की भी खामी है और पुलिस की तरफ से जो होना चाहिए वो नहीं हुआ। शाहरूख की हत्या के मामले में पुलिस का कहना है कि तारीफ नाम के युवक को शाहरूख ने रेत निकालने से रोका तो उसने उसकी हत्या कर दी गई। बेशक पुलिस मामले के जांच की बात कह रही है, लेकिन यह भरोसा दिलाने में पुलिस असफल है कि अवैध खनन करने वालों पर किस तरह की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस को इस सवाल का जवाब भी देना होगा कि आखिर कब थमेगा शाहरूख की मौत का सिलसिला।

