Chaos in Stock Market:
पश्चिम एशिया के तनाव और युद्ध ने सोमवार को भारतीय शेयर बाजार में बवाल मचा दिया है. सेंसेक्स और निफ्टी दोनों प्रमुख सूचकांक भारी गिरावट के साथ खुले. चंद मिनटों में निवेशकों के 7.8 लाख करोड़ रुपये से अधिक डूब गए. स्क्रीन पर हर तरफ लाल रंग फैला हुआ था. ईरान और इजराइल के बीच बढ़ती जंग की आग की लपटें सीधे भारतीय शेयर बाजार तक पहुंच गई हैं. देखते ही देखते 1000 अंकों से (Indian Stock Market) ज्यादा टूट गया. निवेशकों की मेहनत की करीब 6 लाख करोड़ रुपये की पूंजी एक झटके में स्वाहा हो गई.
निफ्टी और सेंसेक्स में भारी दबाव-
बाजार के खुलते ही बिकवाली का दौर शुरू हुआ. निफ्टी और सेंसेक्स दोनों ही भारी दबाव में हैं. अमेरिका, इजराइल-ईरान के बीच का तनाव अब एक ग्लोबल संकट बन चुका है. इसके चलते निवेशक रिस्क लेने से बच रहे हैं. तेल के दामों में उछाल आने वाला है. क्रूड ऑयल के दाम बढ़ रहे हैं. यह भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए एक डबल अटैक जैसा है. बाजार गिर रहा है और महंगाई का खतरा बढ़ रहा है.
Indian Stock Market, बाजार को चपत-
शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स 2,743 अंक टूटकर 78,543 पर और निफ्टी 519 अंक गिरकर 24,659 पर खुला, जिससे 25,000 का अहम सपोर्ट लेवल टूट गया. सुबह 10 बजकर 39 मिनट पर सेंसेक्स 1,059.41 (1.30%) अंकों की गिरावट के साथ 80,227.78 के साथ कारोबार करता दिखा. वहीं, 50 शेयरों वाला निफ्टी में 322.11 (1.28%) अंकों की गिरावट के साथ 24,856.55 पर कारोबार होता दिखा.
इन्फ्लेशन रिस्क को बढ़ा-
पश्चिम एशिया के इस संकट ने वैश्विक में तेज वोलैटिलिटी (उतार-चढ़ाव) और इन्फ्लेशन रिस्क को बढ़ा दिया है. जहां इक्विटी बाजारों में भारी बिकवाली देखी जा रही है, वहीं सुरक्षित निवेश की ओर भागते निवेशकों के कारण सोने में 6,000 रुपये प्रति 10 ग्राम और चांदी में 10,400 रुपये प्रति किलो का भारी उछाल आया है. मौजूदा वैश्विक अनिश्चितता को देखते हुए निवेशकों को बाजार में सतर्क रुख अपनाने की आवश्यकता है.



